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श्लोक  3.282.41 
मयस्य किल दैत्यस्य तदासीद् वेश्म राघव।
तत्र प्रभावती नाम तपोऽतप्यत तापसी॥ ४१॥
 
 
अनुवाद
रघुनन्दन! वह सुन्दर भवन मय दानवराज का निवास स्थान बताया गया है। वहाँ प्रभावती नाम की एक तपस्विनी तपस्विनी ध्यान कर रही थी। 41।
 
Raghunandan! That beautiful building is said to be the residence of the demon king Maya. A female ascetic named Prabhavati was meditating there. 41.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)