Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.265.8-9h: सुन्दरांगी! और पुष्करिणी के पास खड़े ये श्यामवर्णी सुन्दर युवक इक्ष्वाकुवंशी राजा सुबल के पुत्र हैं। वे ही अपने शत्रुओं का नाश करने में समर्थ हैं। | mahabharat अध्याय 3.265: कोटिकास्यका द्रौपदीसे जयद्रथ और उसके साथियोंका परिचय देते हुए उसका भी परिचय पूछना । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
असौ तु य: पुष्करिणीसमीपे
श्यामो युवा तिष्ठति दर्शनीय:॥ ८॥
इक्ष्वाकुराज्ञ: सुबलस्य पुत्र:
स एव हन्ता द्विषतां सुगात्रि।
अनुवाद
सुन्दरांगी! और पुष्करिणी के पास खड़े ये श्यामवर्णी सुन्दर युवक इक्ष्वाकुवंशी राजा सुबल के पुत्र हैं। वे ही अपने शत्रुओं का नाश करने में समर्थ हैं।
Sundarangi! And those dark-skinned handsome young men standing near the Pushkarini are the sons of King Subala of the Ikshvaku dynasty. They alone are capable of destroying their enemies. 8 1/2.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥