Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.255.11-12: राजन! कर्ण के इस प्रकार अनुमोदन करने पर दुर्योधन ने अपने पुरोहित को बुलाकर कहा - 'ब्राह्मण! आप मेरे लिए उत्तम राजसूय का अनुष्ठान विधिपूर्वक तथा उत्तम दक्षिणा सहित करने की कृपा करें।' 11-12॥ | mahabharat अध्याय 3.255: कर्ण और पुरोहितकी सलाहसे दुर्योधनकी वैष्णवयज्ञके लिये तैयारी । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजन! कर्ण के इस प्रकार अनुमोदन करने पर दुर्योधन ने अपने पुरोहित को बुलाकर कहा - 'ब्राह्मण! आप मेरे लिए उत्तम राजसूय का अनुष्ठान विधिपूर्वक तथा उत्तम दक्षिणा सहित करने की कृपा करें।' 11-12॥
Rajan! On Karna's approval in this way, Duryodhana called his priest and said - 'Brahmin! Please perform the rituals of the best Rajasuya for me in a proper manner and with the best dakshinas. 11-12॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥