Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.254.23-24: महाराज! राजा दुर्योधन ने अपने भाई, पिता और बन्धु-बान्धवों के साथ युद्ध में विख्यात महाधनुर्धर कर्ण का स्वागत किया और उसका यथोचित आदर-सत्कार किया। तत्पश्चात दुर्योधन अत्यंत प्रसन्न हुआ और उसने सर्वत्र कर्ण की विजय की घोषणा की। | mahabharat अध्याय 3.254: कर्णके द्वारा सारी पृथ्वीपर दिग्विजय और हस्तिनापुरमें उसका सत्कार । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
महाराज! राजा दुर्योधन ने अपने भाई, पिता और बन्धु-बान्धवों के साथ युद्ध में विख्यात महाधनुर्धर कर्ण का स्वागत किया और उसका यथोचित आदर-सत्कार किया। तत्पश्चात दुर्योधन अत्यंत प्रसन्न हुआ और उसने सर्वत्र कर्ण की विजय की घोषणा की।
Maharaj! King Duryodhana, along with his brother, father and relatives, welcomed Karna, the great archer who was famous in battle, and welcomed him with due respect. After that, Duryodhana became very happy and announced Karna's victory everywhere.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥