Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.241.22-23h: गंधर्वों को भयभीत देखकर गंधर्वराज चित्रसेन अत्यंत क्रोधित हो गए। शत्रुओं का संहार करने का दृढ़ निश्चय करके वे अपने आसन से कूद पड़े। | mahabharat अध्याय 3.241: कौरवोंका गन्धर्वोंके साथ युद्ध और कर्णकी पराजय । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
गंधर्वों को भयभीत देखकर गंधर्वराज चित्रसेन अत्यंत क्रोधित हो गए। शत्रुओं का संहार करने का दृढ़ निश्चय करके वे अपने आसन से कूद पड़े।
Seeing the Gandharvas frightened, Gandharva King Chitrasena became very angry. With a firm resolve to kill his enemies, he jumped from his seat. 22 1/2.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥