Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.230.9: आपका कल्याण हो, यह एक तारा आकाश से गिर गया है; (इसका स्थान कैसे लिया जा सकता है?) इस प्रश्न को लेकर मैं असमंजस में हूँ। स्कन्द! आप ब्रह्माजी के साथ मिलकर इस शुभ समय (मुहूर्त या तारे) के स्थान पर कोई उपाय सोचिए।॥9॥ | mahabharat अध्याय 3.230: कृत्तिकाओंको नक्षत्रमण्डलमें स्थानकी प्राप्ति तथा मनुष्योंको कष्ट देनेवाले विविध ग्रहोंका वर्णन । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
आपका कल्याण हो, यह एक तारा आकाश से गिर गया है; (इसका स्थान कैसे लिया जा सकता है?) इस प्रश्न को लेकर मैं असमंजस में हूँ। स्कन्द! आप ब्रह्माजी के साथ मिलकर इस शुभ समय (मुहूर्त या तारे) के स्थान पर कोई उपाय सोचिए।॥9॥
May you be blessed, this one star has fallen from the sky; (how can it be replaced?) I am confused about this question. Skanda! You along with Brahmaji think of a way to replace this auspicious time (muhurta or star).॥ 9॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥