Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.208.22: आकाश से लेकर पृथ्वी तक यह सम्पूर्ण जगत् प्राणियों से भरा हुआ है। बहुत से लोग अनजाने में ही प्राणियों की हत्या कर देते हैं। इस विषय में तुम्हारा क्या विचार है?॥22॥ | mahabharat अध्याय 3.208: धर्मव्याधद्वारा हिंसा और अहिंसाका विवेचन । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
आकाश से लेकर पृथ्वी तक यह सम्पूर्ण जगत् प्राणियों से भरा हुआ है। बहुत से लोग अनजाने में ही प्राणियों की हत्या कर देते हैं। इस विषय में तुम्हारा क्या विचार है?॥22॥
‘From the sky to the earth, this entire world is full of living beings. Many people kill living beings unknowingly. What do you think about this?॥22॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥