शोकस्थानसहस्राणि भयस्थानशतानि च।
दिवसे दिवसे मूढमाविशन्ति न पण्डितम्॥ १६॥
अनुवाद
दुःख के हजारों स्थान हैं और भय के सैकड़ों स्थान हैं। मूर्ख मनुष्य को वे प्रतिदिन प्रभावित करते हैं; किन्तु बुद्धिमान मनुष्य को वे प्रभावित नहीं कर सकते॥16॥
‘There are thousands of places of sorrow and hundreds of places of fear. They affect the foolish man every day; but they cannot affect the wise man.॥ 16॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)