Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.197.24: कबूतर! ये शिबिवंशी लोग तुम्हें कबूतर समझते थे। हे महान पक्षी! मैं तुमसे पूछता हूँ, बताओ, यह बाज कौन था? भगवान के अतिरिक्त कोई भी ऐसा चमत्कार नहीं कर सकता। हे प्रभु! मेरे प्रश्न का उत्तर दो।॥24॥ | mahabharat अध्याय 3.197: इन्द्र और अग्निद्वारा राजा शिबिकी परीक्षा । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
कपोतं विद्यु: शिबयस्त्वां कपोत
पृच्छामि ते शकुने को नु श्येन:।
नानीश्वर ईदृशं जातु कुर्या-
देतं प्रश्नं भगवन् मे विचक्ष्व॥ २४॥
अनुवाद
कबूतर! ये शिबिवंशी लोग तुम्हें कबूतर समझते थे। हे महान पक्षी! मैं तुमसे पूछता हूँ, बताओ, यह बाज कौन था? भगवान के अतिरिक्त कोई भी ऐसा चमत्कार नहीं कर सकता। हे प्रभु! मेरे प्रश्न का उत्तर दो।॥24॥
‘Dove! These people of the Shibi used to think you were a pigeon. O great bird! I ask you, tell me, who was this hawk? No one except God can ever do such a miraculous deed. O Lord! Answer my question as it is.’॥ 24॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥