Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.192.38: कुछ समय पश्चात् सुशोभना के गर्भ से राजा परीक्षित के तीन पुत्र हुए - शल, दल और बल। इनमें शल सबसे बड़ा था। समय आने पर पिता ने शलाका का राज्याभिषेक किया और स्वयं तपस्या में तल्लीन होकर तपोवन चले गए। 38॥ | mahabharat अध्याय 3.192: इक्ष्वाकुवंशी परीक्षित् का मण्डूकराजकी कन्यासे विवाह, शल और दलके चरित्र तथा वामदेव मुनिकी महत्ता । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
कुछ समय पश्चात् सुशोभना के गर्भ से राजा परीक्षित के तीन पुत्र हुए - शल, दल और बल। इनमें शल सबसे बड़ा था। समय आने पर पिता ने शलाका का राज्याभिषेक किया और स्वयं तपस्या में तल्लीन होकर तपोवन चले गए। 38॥
After some time, King Parikshit had three sons from Susobhana's womb - Shala, Dal and Bal. Among these, Shaal was the eldest. When the time came, the father crowned Shalaka and left for Tapovan, devoting himself to penance. 38॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥