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mahabharat 3.190.72: थोड़े ही समय में सारी पृथ्वी म्लेच्छों से भर जाएगी। ब्राह्मण कर के बोझ से भयभीत होकर दसों दिशाओं में शरण लेंगे।   |   mahabharat अध्याय 3.190: युगान्तकालिक कलियुगके समयके बर्तावका तथा कल्कि-अवतारका वर्णन   ।   mahabharat पर्व 3: वन पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  3.190.72 
मही म्लेच्छजनाकीर्णा भविष्यति ततोऽचिरात्।
करभारभयाद् विप्रा भजिष्यन्ति दिशो दश॥ ७२॥
 
 
अनुवाद
थोड़े ही समय में सारी पृथ्वी म्लेच्छों से भर जाएगी। ब्राह्मण कर के बोझ से भयभीत होकर दसों दिशाओं में शरण लेंगे।
 
The entire earth will be filled with mlechchas in a short time. The Brahmins will be frightened by the burden of taxes and will take refuge in the ten directions. 72.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)