Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.178.13: भीमसेन का पराक्रम उनके नाम के समान ही भयानक था। उनकी भुजाएँ विशाल थीं। शिकार करते समय वे जहाँ-तहाँ जंगली पशुओं, सूअरों और भैंसों को मार डालते थे॥13॥ | mahabharat अध्याय 3.178: महाबली भीमसेनका हिंसक पशुओंको मारना और अजगरद्वारा पकड़ा जाना । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मृगाणां स वराहाणां महिषाणां महाभुज:।
विनिघ्नंस्तत्र तत्रैव भीमो भीमपराक्रम:॥ १३॥
अनुवाद
भीमसेन का पराक्रम उनके नाम के समान ही भयानक था। उनकी भुजाएँ विशाल थीं। शिकार करते समय वे जहाँ-तहाँ जंगली पशुओं, सूअरों और भैंसों को मार डालते थे॥13॥
Bhimasena's prowess was as terrifying as his name. His arms were huge. While hunting he used to kill wild animals, boars and buffaloes everywhere.॥ 13॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥