Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.161.44: 'पाण्डुनन्दन! आपको भीमसेन पर क्रोध नहीं करना चाहिए। ये यक्ष और राक्षस तो कालकेय द्वारा पहले ही मारे जा चुके हैं। आपके भाई तो इसमें निमित्त मात्र हैं। 44॥ | mahabharat अध्याय 3.161: कुबेरका गन्धमादन पर्वतपर आगमन और युधिष्ठिरसे उनकी भेंट । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
न च मन्युस्त्वया कार्यो भीमसेनस्य पाण्डव।
कालेनैते हता: पूर्वं निमित्तमनुजस्तव॥ ४४॥
अनुवाद
'पाण्डुनन्दन! आपको भीमसेन पर क्रोध नहीं करना चाहिए। ये यक्ष और राक्षस तो कालकेय द्वारा पहले ही मारे जा चुके हैं। आपके भाई तो इसमें निमित्त मात्र हैं। 44॥
'Pandunandan! You should not be angry at Bhimsen. These Yakshas and demons were already killed by Kalke. Your brothers are just instruments in this. 44॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥