Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.146.90: तुम्हें धर्म का बिल्कुल भी ज्ञान नहीं है। ऐसा प्रतीत होता है कि तुमने विद्वानों की सेवा नहीं की है। अपनी मंद बुद्धि के कारण तुम अज्ञानवश यहाँ मृगों को कष्ट पहुँचा रहे हो। | mahabharat अध्याय 3.146: भीमसेनका सौगन्धिक कमल लानेके लिये जाना और कदलीवनमें उनकी हनुमान्जीसे भेंट । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
न त्वं धर्मं विजानासि बुधा नोपासितास्त्वया।
अल्पबुद्धितया बाल्यादुत्सादयसि यन्मृगान्॥ ९०॥
अनुवाद
तुम्हें धर्म का बिल्कुल भी ज्ञान नहीं है। ऐसा प्रतीत होता है कि तुमने विद्वानों की सेवा नहीं की है। अपनी मंद बुद्धि के कारण तुम अज्ञानवश यहाँ मृगों को कष्ट पहुँचा रहे हो।
You have no knowledge of religion at all. It seems that you have not served the learned. Due to your dull intellect, you cause pain to the deer here due to ignorance. 90.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥