Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.144.6: तत्पश्चात् नकुल ने कहा - महाराज भरत, कुल रत्न, यह श्यामवर्णी पांचाल राजकुमारी द्रौपदी थककर भूमि पर गिर पड़ी है, कृपया आप आकर उसे देख लें। | mahabharat अध्याय 3.144: द्रौपदीकी मूर्छा, पाण्डवोंके उपचारसे उसका सचेत होना तथा भीमसेनके स्मरण करनेपर घटोत्कचका आगमन । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत्पश्चात् नकुल ने कहा - महाराज भरत, कुल रत्न, यह श्यामवर्णी पांचाल राजकुमारी द्रौपदी थककर भूमि पर गिर पड़ी है, कृपया आप आकर उसे देख लें।
Thereafter Nakula said - Maharaja Bharata, the jewel of the clan, this dark-eyed Panchala princess Draupadi is exhausted and has fallen on the ground, please come and see her.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥