Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.133.24: तब राजा ने एक परीक्षा के लिए कहा: जो व्यक्ति तीस भागों, बारह भागों, चौबीस जोड़ों और तीन सौ साठ आरों वाली वस्तु के बारे में जानता है और उसका उद्देश्य समझता है, वह एक महान विद्वान व्यक्ति है। | mahabharat अध्याय 3.133: अष्टावक्रका द्वारपाल तथा राजा जनकसे वार्तालाप । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजोवाच
त्रिंशकद्वादशांशस्य चतुर्विंशतिपर्वण:।
यस्त्रिषष्टिशतारस्य वेदार्थं स पर: कवि:॥ २४॥
अनुवाद
तब राजा ने एक परीक्षा के लिए कहा: जो व्यक्ति तीस भागों, बारह भागों, चौबीस जोड़ों और तीन सौ साठ आरों वाली वस्तु के बारे में जानता है और उसका उद्देश्य समझता है, वह एक महान विद्वान व्यक्ति है।
Then the king asked for a test: He who knows about an object having thirty parts, twelve divisions, twenty-four joints and three hundred and sixty spokes and understands its purpose, is a highly learned person.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥