Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 2.40.d225: वे मनुष्यों को सुरक्षा प्रदान करने वाले हैं। वे मधुसूदन नाम से प्रसिद्ध हैं। उन्होंने ही शकटासुर, यमलार्जुन और पूतना का उनके नाभिस्थानों पर प्रहार करके वध किया था।   |   mahabharat अध्याय 2.40: वराह, नृसिंह, वामन, दत्तात्रेय, परशुराम, श्रीराम, श्रीकृष्ण तथा कल्कि अवतारोंकी संक्षिप्त कथा   ।   mahabharat पर्व 2: सभा पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 2: सभा पर्व  »  अध्याय 40: वराह, नृसिंह, वामन, दत्तात्रेय, परशुराम, श्रीराम, श्रीकृष्ण तथा कल्कि अवतारोंकी संक्षिप्त कथा  »  श्लोक d225
 
 
श्लोक  2.40.d225 
स नृणामभयं दाता मधुहेति स विश्रुत:।
शकटार्जुनरामाणां किल स्थानान्यसूदयत्॥
 
 
अनुवाद
वे मनुष्यों को सुरक्षा प्रदान करने वाले हैं। वे मधुसूदन नाम से प्रसिद्ध हैं। उन्होंने ही शकटासुर, यमलार्जुन और पूतना का उनके नाभिस्थानों पर प्रहार करके वध किया था।
 
He is the one who gives protection to human beings. He is famous by the name Madhusudan. He is the one who killed Shakatasur, Yamalarjun and Putana by attacking their vital spots.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)