Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 2.31.d33: वहाँ उसने हाथ जोड़कर दूत की सारी बातें कह सुनाईं। द्वारपाल की बातें सुनकर धर्मात्मा राक्षसराज विभीषण ने उससे कहा- 'दूत को मेरे पास लाओ।' | mahabharat अध्याय 2.31: सहदेवके द्वारा दक्षिण दिशाकी विजय । mahabharat पर्व 2: सभा पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
साञ्जलि: स समाचष्ट सर्वां दूतगिरं तदा।
द्वारपालवच: श्रुत्वा राक्षसेन्द्रो विभीषण:॥
उवाच वाक्यं धर्मात्मा समीपे मे प्रवेश्यताम्।
अनुवाद
वहाँ उसने हाथ जोड़कर दूत की सारी बातें कह सुनाईं। द्वारपाल की बातें सुनकर धर्मात्मा राक्षसराज विभीषण ने उससे कहा- 'दूत को मेरे पास लाओ।'
There he told everything the messenger had said with folded hands. On hearing the words of the gatekeeper, the righteous demon king Vibhishan said to him - 'Bring the messenger near me'.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥