Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 2.28.d53: वे आपस में इस प्रकार बातें करने लगे - 'मित्रो! ये सिंह-पुरुष, जिन्हें तुम देख रहे हो, युद्ध में अद्भुत पराक्रम रखते हैं। जब इनका भुजबल आक्रमण करता है, तो शत्रु सेना अपना अस्तित्व खो देती है।' | mahabharat अध्याय 2.28: किम्पुरुष, हाटक तथा उत्तरकुरुपर विजय प्राप्त करके अर्जुनका इन्द्रप्रस्थ लौटना । mahabharat पर्व 2: सभा पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
अयं स पुरुषव्याघ्रो रणेऽद्भुतपराक्रम:॥
अस्य बाहुबलं प्राप्य न भवन्त्यसुहृद्गणा:।
अनुवाद
वे आपस में इस प्रकार बातें करने लगे - 'मित्रो! ये सिंह-पुरुष, जिन्हें तुम देख रहे हो, युद्ध में अद्भुत पराक्रम रखते हैं। जब इनका भुजबल आक्रमण करता है, तो शत्रु सेना अपना अस्तित्व खो देती है।'
They started talking among themselves like this - 'Friends! These lion men that you see are amazing in their prowess in battle. When their physical strength attacks, the enemy forces lose their existence.'
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥