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श्लोक 2.22.d2  |
कश्च कंसो मागधस्य यस्य हेतो: स वैरवान्।
एतदाचक्ष्व मे सर्वं वैशम्पायन तत्त्वत:॥ |
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| अनुवाद |
| मगध नरेश जरासंध का कंस कौन था, जिसके लिए वह भगवान के विरुद्ध हो गया था? वैशम्पायन जी! कृपया मुझे ये सब बातें विस्तार से बताइए। |
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| Who was Kansa of Magadh King Jarasandha, for whom he turned against God? Vaishampayana ji! Please tell me all these things in detail. |
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