Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 18.6.92: महाभारत नामक इतिहास में कहा गया है कि जो मनुष्य पृथ्वी, गौ, सरस्वती, ब्राह्मण और भगवान श्रीकृष्ण का गुणगान करता है, वह कभी संकट में नहीं पड़ता। 92॥ | mahabharat अध्याय 18.6: । mahabharat पर्व 18: स्वर्गारोहण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
महाभारतमाख्यानं क्षितिं गां च सरस्वतीम्।
ब्राह्मणान् केशवं चैव कीर्तयन् नावसीदति॥ ९२॥
अनुवाद
महाभारत नामक इतिहास में कहा गया है कि जो मनुष्य पृथ्वी, गौ, सरस्वती, ब्राह्मण और भगवान श्रीकृष्ण का गुणगान करता है, वह कभी संकट में नहीं पड़ता। 92॥
In the history called Mahabharata, a person who chants the praises of earth, cow, Saraswati, Brahmin and Lord Shri Krishna never falls into trouble. 92॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥