Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 18.5.25: हे जनमेजय! भगवान श्रीकृष्ण की सोलह हजार पत्नियाँ अवसर का लाभ उठाकर सरस्वती नदी में कूद गईं और अपने प्राण त्याग दिए। | mahabharat अध्याय 18.5: भीष्म आदि वीरोंका अपने-अपने मूलस्वरूपमें मिलना और महाभारतका उपसंहार तथा माहात्म्य । mahabharat पर्व 18: स्वर्गारोहण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे जनमेजय! भगवान श्रीकृष्ण की सोलह हजार पत्नियाँ अवसर का लाभ उठाकर सरस्वती नदी में कूद गईं और अपने प्राण त्याग दिए।
O Janamejaya! The sixteen thousand wives of Lord Krishna, taking advantage of the opportunity, jumped into the Saraswati river and sacrificed their lives.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥