Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 18.4.6: तत्पश्चात दूसरी ओर देखने पर कुरुनन्दन युधिष्ठिर ने शस्त्रधारियों में श्रेष्ठ कर्ण को देखा, जो बारह आदित्यों के साथ (उज्ज्वल रूप धारण किए हुए) बैठा हुआ था। 6॥   |   mahabharat अध्याय 18.4: युधिष्ठिरका दिव्यलोकमें श्रीकृष्ण, अर्जुन आदिका दर्शन करना   ।   mahabharat पर्व 18: स्वर्गारोहण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 18: स्वर्गारोहण पर्व  »  अध्याय 4: युधिष्ठिरका दिव्यलोकमें श्रीकृष्ण, अर्जुन आदिका दर्शन करना  »  श्लोक 6
 
 
श्लोक  18.4.6 
अपरस्मिन्नथोद्देशे कर्णं शस्त्रभृतां वरम्।
द्वादशादित्यसहितं ददर्श कुरुनन्दन:॥ ६॥
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात दूसरी ओर देखने पर कुरुनन्दन युधिष्ठिर ने शस्त्रधारियों में श्रेष्ठ कर्ण को देखा, जो बारह आदित्यों के साथ (उज्ज्वल रूप धारण किए हुए) बैठा हुआ था। 6॥
 
After this, on looking from the other side, Kurunandan Yudhishthira saw Karna, the best among the weapon-wielders, who was sitting with the twelve Adityas (wearing a bright form). 6॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)