Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 16.8.35-36h: तुम्हारे हथियारों का उद्देश्य भी पूरा हो गया है; इसलिए वे जिस तरह मिले थे, उसी तरह चले गए हैं। जब उचित समय आएगा, तो वे तुम्हारे हाथ में वापस आ जाएँगे। | mahabharat अध्याय 16.8: अर्जुन और व्यासजीकी बातचीत । mahabharat पर्व 16: मौसल पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
कृतकृत्यानि चास्त्राणि गतान्यद्य यथागतम्॥ ३५॥
पुनरेष्यन्ति ते हस्ते यदा कालो भविष्यति।
अनुवाद
तुम्हारे हथियारों का उद्देश्य भी पूरा हो गया है; इसलिए वे जिस तरह मिले थे, उसी तरह चले गए हैं। जब उचित समय आएगा, तो वे तुम्हारे हाथ में वापस आ जाएँगे।
The purpose of your weapons has also been fulfilled; therefore they are gone the same way they were found. When the right time comes they will come back into your hands.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥