श्री महाभारत  »  पर्व 15: आश्रमवासिक पर्व  »  अध्याय 31: व्यासजीके द्वारा धृतराष्ट्र आदिके पूर्वजन्मका परिचय तथा उनके कहनेसे सब लोगोंका गङ्गा-तटपर जाना  »  श्लोक 21
 
 
श्लोक  15.31.21 
धृतराष्ट्रश्च सामात्य: प्रययौ सह पाण्डवै:।
सहितो मुनिशार्दूलैर्गन्धर्वैश्च समागतै:॥ २१॥
 
 
अनुवाद
राजा धृतराष्ट्र अपने मन्त्रियों, पाण्डवों, ऋषियों और वहाँ आये हुए गन्धर्वों के साथ गंगाजी के पास गये॥21॥
 
King Dhritarashtra went near Ganga along with his ministers, Pandavas, sages and the Gandharvas who had come there. 21॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)