तब अर्जुन ने उसे साहस प्रदान करते हुए पुनः इस प्रकार कहा - 'हे राजन! आगामी चैत्र मास की पूर्णिमा के दिन आप हमारे महाराज के अश्वमेध यज्ञ में अवश्य पधारें।'
Then Arjuna, giving him courage, said again thus - 'O King! You must definitely come to our Maharaja's Ashwamedha Yajna on the coming full moon day of the month of Chaitra.'
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥