श्री महाभारत  »  पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व  »  अध्याय 79: अर्जुन और बभ्रुवाहनका युद्ध एवं अर्जुनकी मृत्यु  »  श्लोक 39
 
 
श्लोक  14.79.39 
शोकसंतप्तहृदया रुदती वेपती भृशम्।
मणिपूरपतेर्माता ददर्श निहतं पतिम्॥ ३९॥
 
 
अनुवाद
मणिपुर के राजा की माता चित्रांगदा का हृदय शोक से भर गया। रोते-कांपते हुए जब उन्होंने देखा कि उनके पति की हत्या कर दी गई है, तो वे रोने लगीं।
 
The heart of the mother of the King of Manipur was filled with grief. Chitrangada, weeping and trembling, saw that her husband had been killed.
 
इति श्रीमहाभारते आश्वमेधिके पर्वणि अनुगीतापर्वणि अर्जुनबभ्रुवाहनयुद्धे एकोनाशीतितमोऽध्याय:॥ ७९॥
इस प्रकार श्रीमहाभारत आश्वमेधिकपर्वके अन्तर्गत अनुगीतापर्वमें अर्जुन और बभ्रुवाहनका युद्धविषयक उनासीवाँ अध्याय पूरा हुआ॥ ७९॥

 
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)