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श्री महाभारत
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अध्याय 79: अर्जुन और बभ्रुवाहनका युद्ध एवं अर्जुनकी मृत्यु
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श्लोक 21
श्लोक
14.79.21
किरीटिनं प्रविव्याध शरेणानतपर्वणा।
जत्रुदेशे नरव्याघ्रं प्रहसन् बभ्रुवाहन:॥ २१॥
अनुवाद
हँसते हुए बभ्रुवाहन ने मुड़ी हुई गाँठ वाले बाण से नरसिंह अर्जुन के हंसली पर गहरा घाव कर दिया। 21.
Laughing, Babhruvahana inflicted a deep wound on the collarbone of the man-lion Arjuna with an arrow having a bent knot. 21.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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