श्री महाभारत  »  पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व  »  अध्याय 66: श्रीकृष्णका हस्तिनापुरमें आगमन और उत्तराके मृत बालककोजिलानेके लियेकुन्तीकी उनसे प्रार्थना  »  श्लोक 7
 
 
श्लोक  14.66.7 
तत्रैव न्यवसत् कृष्ण: स्वर्चित: पुरुषोत्तम:।
विदुरेण महातेजास्तथैव च युयुत्सुना॥ ७॥
 
 
अनुवाद
विदुर और युयुत्सु द्वारा भलीभाँति पूजित होकर परम तेजस्वी पुरुष भगवान श्रीकृष्ण वहाँ रहने लगे॥7॥
 
Well worshiped by Vidur and Yuyutsu, the most brilliant man, Lord Shri Krishna, started living there. 7॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)