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श्री महाभारत
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पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व
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अध्याय 62: वसुदेव आदि यादवोंका अभिमन्युके निमित्त श्राद्ध करना तथा व्यासजीका उत्तरा और अर्जुनको समझाकर युधिष्ठिरको अश्वमेधयज्ञ करनेकी आज्ञा देना
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श्लोक 12
श्लोक
14.62.12
प्रभावाद् वासुदेवस्य मम व्याहरणादपि।
पाण्डवानामयं चान्ते पालयिष्यति मेदिनीम्॥ १२॥
अनुवाद
‘भगवान श्रीकृष्ण के प्रभाव और मेरे आशीर्वाद से वह पाण्डवों के पश्चात सम्पूर्ण पृथ्वी पर राज्य करेगा।’ 12॥
‘With the influence of Lord Krishna and my blessings, he will rule the entire earth after the Pandavas.’ 12॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
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हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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