श्री महाभारत  »  पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व  »  अध्याय 49: धर्मका निर्णय जाननेके लिये ऋषियोंका प्रश्न  »  श्लोक 7
 
 
श्लोक  14.49.7 
आहारं केचिदिच्छन्ति केचिच्चानशने रता:।
कर्म केचित् प्रशंसन्ति प्रशान्तं चापरे जना:॥ ७॥
 
 
अनुवाद
कुछ लोग भोजन को अच्छा मानते हैं और कुछ लोग न खाने पर आमादा रहते हैं। कुछ लोग कर्म करने की प्रशंसा करते हैं और कुछ लोग परम शांति की प्रशंसा करते हैं ॥7॥
 
Some people consider eating good and some are intent on not eating. Some praise performing karma and others praise supreme peace. ॥ 7॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)