शत्रुसूदन पाण्डुकुमार! आपके साथ रहकर मैं निर्जन वन में भी सुख और आनन्द प्राप्त कर सकता हूँ। फिर जहाँ इतने लोग और मेरी बुआ कुन्ती हैं, उस स्थान के विषय में क्या कहा जा सकता है?॥17॥
Shatrusudan Pandukumar! By staying with you I can get happiness and joy even in a lonely forest. Then what can be said about a place where there are so many people and my aunt Kunti?॥17॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥