Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 14.111.d44: जब भी कोई पवित्र ब्राह्मण तुम्हें दिखाई दे, तो उसे तुरन्त मेरा स्मरण करना चाहिए और ‘नमो ब्रह्मण्यदेवाय’ कहकर भगवान की बुद्धि से उसे नमस्कार करना चाहिए। | mahabharat अध्याय 14.111: विषुवयोग और ग्रहण आदिमें दानकी महिमा, पीपलका महत्त्व, तीर्थभूत गुणोंकी प्रशंसा और उत्तम प्रायश्चित्त । mahabharat पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जब भी कोई पवित्र ब्राह्मण तुम्हें दिखाई दे, तो उसे तुरन्त मेरा स्मरण करना चाहिए और ‘नमो ब्रह्मण्यदेवाय’ कहकर भगवान की बुद्धि से उसे नमस्कार करना चाहिए।
Whenever you see a holy Brahmin, he should immediately remember me and by saying 'Namo Brahmanyadevay', he should pay obeisance to him with the wisdom of God.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥