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अश्वमेधसहस्रं च सत्यं च तुलया धृतम्।
अश्वमेधसहस्राद्धि सत्यमेव विशिष्यते॥ २९॥
अनुवाद
यदि तराजू के एक पलड़े पर एक हजार अश्वमेध यज्ञों का पुण्य रखा जाए और दूसरे पलड़े पर केवल सत्य रखा जाए, तो सत्य वाला पलड़ा हजार अश्वमेध यज्ञों से भारी होगा।
If the virtue of a thousand Ashwamedha Yagyas is placed on one side of the scale and only truth is placed on the other side, then the scale with truth will be heavier than the thousand Ashwamedha Yagyas. 29
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥