Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.56.32-33h: राजा की ओर देखकर उसने कहा, ‘राजन्! शीघ्र यहाँ आइए।’ उसकी आज्ञा पाकर राजा अपनी पत्नी सहित उनके पास गए और उन पूज्य महात्मा को प्रणाम करके सिर झुकाया। | mahabharat अध्याय 13.56: महर्षि च्यवनके प्रभावसे राजा कुशिक और उनकी रानीको अनेक आश्चर्यमय दृश्योंका दर्शन एवं च्यवन मुनिका प्रसन्न होकर राजाको वर माँगनेके लिये कहना । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजा की ओर देखकर उसने कहा, ‘राजन्! शीघ्र यहाँ आइए।’ उसकी आज्ञा पाकर राजा अपनी पत्नी सहित उनके पास गए और उन पूज्य महात्मा को प्रणाम करके सिर झुकाया।
Looking at the king he said, 'King! Come here quickly.' On his order the king along with his wife went to him and bowed their heads in respect to that venerable great sage.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥