Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.29.8: हे प्रिये! प्राचीन काल में एक ब्राह्मण के मतंग नाम का एक पुत्र था, जो (ब्राह्मणधर्म के प्रभाव से अन्य जाति के पुरुष से उत्पन्न होने पर भी) उसी जाति का माना गया और सभी उत्तम गुणों से युक्त था।॥8॥ | mahabharat अध्याय 13.29: ब्राह्मणत्वके लिये तपस्या करनेवाले मतङ्गकी इन्द्रसे बातचीत । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे प्रिये! प्राचीन काल में एक ब्राह्मण के मतंग नाम का एक पुत्र था, जो (ब्राह्मणधर्म के प्रभाव से अन्य जाति के पुरुष से उत्पन्न होने पर भी) उसी जाति का माना गया और सभी उत्तम गुणों से युक्त था।॥8॥
O dear! In ancient times a Brahmin had a son named Matanga who (though born to a man of another caste, due to the influence of brahminical rites) was considered to be of the same caste as them and was endowed with all the good qualities. ॥8॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥