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mahabharat 13.24.32: युधिष्ठिर ने पूछा - "पितामह! किन ब्राह्मणों को श्रेष्ठ मानना ​​चाहिए? किसके दान से उत्तम फल मिलता है? और किन ब्राह्मणों को भोजन कराना चाहिए? कृपया मुझे यह बताइए।"   |   mahabharat अध्याय 13.24: युधिष्ठिरके विविध धर्मयुक्त प्रश्नोंका उत्तर तथा श्राद्ध और दानके उत्तम पात्रोंका लक्षण   ।   mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  13.24.32 
युधिष्ठिर उवाच
कीदृशा: साधवो विप्रा: केभ्यो दत्तं महाफलम्।
कीदृशानां च भोक्तव्यं तन्मे ब्रूूहि पितामह॥ ३२॥
 
 
अनुवाद
युधिष्ठिर ने पूछा - "पितामह! किन ब्राह्मणों को श्रेष्ठ मानना ​​चाहिए? किसके दान से उत्तम फल मिलता है? और किन ब्राह्मणों को भोजन कराना चाहिए? कृपया मुझे यह बताइए।"
 
Yudhishthira asked - Grandfather! Which Brahmins should be considered superior? Whose donations yield great results? And which Brahmins should be fed? Please tell me this.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)