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अनृता: स्त्रिय इत्येवं वेदेष्वपि हि पठ्यते।
धर्मोऽयं पूर्विका संज्ञा उपचार: क्रियाविधि:॥ ७॥
अनुवाद
वेदों में भी यही पढ़ा गया है कि स्त्रियाँ असत्यवादी होती हैं, ऐसी स्थिति में उनका असत्य भी सहधर्म के अंतर्गत आ सकता है, किन्तु असत्य कभी धर्म नहीं हो सकता; अतः दाम्पत्य धर्म जिसे सहधर्म कहा गया है, वह इसका गौण शब्द है। पति-पत्नी साथ रहते हुए जो कुछ भी करते हैं, उसे धर्म कहा गया है।
It has also been read in the Vedas that women are untruthful, in such a situation, their untruth can also come under co-religion, but untruth can never be Dharma; therefore, the conjugal dharma which has been called co-religion is a secondary term of it. Whatever the husband and wife do while living together, that has been termed as Dharma. 7.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥