श्री महाभारत  »  पर्व 13: अनुशासन पर्व  »  अध्याय 170: श्रीविष्णुसहस्रनामस्तोत्रम्  »  श्लोक 3
 
 
श्लोक  13.170.3 
को धर्म: सर्वधर्माणां भवत: परमो मत:।
किं जपन् मुच्यते जन्तुर्जन्मसंसारबन्धनात्॥ ३॥
 
 
अनुवाद
आप सभी धर्मों में किस धर्म को श्रेष्ठ मानते हैं और किसका जप करने से जीव जन्म-मरण के बंधन से मुक्त हो जाता है?॥3॥
 
Which religion do you consider to be the best among all religions? And by chanting which, a soul becomes free from the bondage of birth and death?॥ 3॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)