जो मनुष्य वासुदेव पर आश्रित होकर उनके प्रति समर्पित रहता है, वह समस्त पापों से मुक्त हो जाता है और शुद्ध हृदय से सनातन परब्रह्म को प्राप्त करता है ॥130॥
The person who is dependent on Vasudeva and devoted to him, becomes free from all sins and with a pure heart attains the eternal Supreme Being. ॥130॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥