Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.169.24: इन्द्र आदि तैंतीस देवता उनके स्वरूप हैं, इसमें अन्य विचार नहीं करना चाहिए। वे समस्त प्राणियों को आश्रय देने वाले आदिदेव महादेव हैं। 24॥ | mahabharat अध्याय 13.169: भगवान् श्री कृष्णकी महिमाका वर्णन और भीष्मजीका युधिष्ठिरको राज्य करनेके लिये आदेश देना । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इन्द्र आदि तैंतीस देवता उनके स्वरूप हैं, इसमें अन्य विचार नहीं करना चाहिए। वे समस्त प्राणियों को आश्रय देने वाले आदिदेव महादेव हैं। 24॥
Thirty-three gods like Indra are their form, there should be no other thought in this. He is the Adidev Mahadev who provides shelter to all living beings. 24॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥