Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.158.d67: श्री महेश्वर बोले - हे महात्मन! इस विषय में नास्तिक लोग जो कुछ कहते हैं, वह सत्य नहीं है। यह शास्त्र-विरुद्ध कलुषित मनुष्यों का मत है। | mahabharat अध्याय 13.158: प्राणियोंके चार भेदोंका निरूपण, पूर्वजन्मकी स्मृतिका रहस्य, मरकर फिर लौटनेमें कारण स्वप्नदर्शन, दैव और पुरुषार्थ तथा पुनर्जन्मका विवेचन] । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
श्री महेश्वर बोले - हे महात्मन! इस विषय में नास्तिक लोग जो कुछ कहते हैं, वह सत्य नहीं है। यह शास्त्र-विरुद्ध कलुषित मनुष्यों का मत है।
Shri Maheshwar said - O great one! Whatever the atheists say on this subject is not correct. This is the opinion of the tainted people who are against the scriptures.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥