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mahabharat 13.146.d65-d66: देवी! यति धर्म इस प्रकार है। संन्यासी घर-बार छोड़कर इधर-उधर घूमता रहे। उसे अपने पास कोई वस्तु संग्रह नहीं करनी चाहिए। कार्यारम्भ या आयोजन से दूर रहना चाहिए। उसे अपने भीतर सब ओर से पवित्रता और सरलता को स्थान देना चाहिए। सर्वत्र भिक्षाटन करके जीविका चलानी चाहिए। वह सब स्थानों से पृथक रहे। सदैव ध्यान में तत्पर रहना, दोषों से रहित होना, सबके प्रति क्षमा और दया का भाव रखना तथा मन को तत्त्वचिंतन में लगाए रखना - ये सब संन्यासी के धार्मिक कर्तव्य हैं।   |   mahabharat अध्याय 13.146: शिव-पार्वतीका धर्मविषयक संवाद—वर्णाश्रमधर्मसम्बन्धी आचार एवं प्रवृत्ति-निवृत्तिरूप धर्मका निरूपण   ।   mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  13.146.d65-d66 
यतिधर्मास्तथा देवि गृहांस्त्यक्त्वा यतस्तत:।
आकिञ्चन्यमनारम्भ: सर्वत: शौचमार्जवम्॥
सर्वत्र भैक्षचर्या च सर्वत्रैव विवासनम्।
सदा ध्यानपरत्वं च दोषशुद्धि: क्षमा दया॥
तत्त्वानुगतबुद्धित्वं तस्य धर्मविधिर्भवेत्।
 
 
अनुवाद
देवी! यति धर्म इस प्रकार है। संन्यासी घर-बार छोड़कर इधर-उधर घूमता रहे। उसे अपने पास कोई वस्तु संग्रह नहीं करनी चाहिए। कार्यारम्भ या आयोजन से दूर रहना चाहिए। उसे अपने भीतर सब ओर से पवित्रता और सरलता को स्थान देना चाहिए। सर्वत्र भिक्षाटन करके जीविका चलानी चाहिए। वह सब स्थानों से पृथक रहे। सदैव ध्यान में तत्पर रहना, दोषों से रहित होना, सबके प्रति क्षमा और दया का भाव रखना तथा मन को तत्त्वचिंतन में लगाए रखना - ये सब संन्यासी के धार्मिक कर्तव्य हैं।
 
Goddess! Yeti Dharma is as follows. The sannyasi left his home and kept wandering here and there. He should not hoard any thing with himself. Stay away from starting or organizing work. He should give place within himself to purity and simplicity from all sides. Make a living by begging everywhere. He remained isolated from all places. Always remaining engaged in meditation, being pure from faults, having a feeling of forgiveness and mercy towards everyone and keeping the mind engaged in contemplation of the elements – all these are the religious duties for a Sanyasi.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)