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श्लोक  13.146.d42 
यदि ते ब्राह्मणा न स्युर्दानयोगवहा: सदा।
उभयोर्लोकयोर्देवि स्थितिर्न स्यात् समासत:॥
 
 
अनुवाद
देवी! यदि दान और योग करने वाले ब्राह्मण न हों, तो इस लोक और परलोक दोनों की स्थिति कभी भी कायम नहीं रह सकती।
 
Goddess! If those who carry out charity and yoga are not Brahmins, then the condition of both this world and the next world can never be maintained.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)