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mahabharat 13.144.25: हे तपस्वी मुनियों! आप सब लोग आपकी स्तुति करते हैं, अतः आप कृपा करके मेरे इस संदेह को निश्चित एवं सत्य रूप से मुझसे कहिए।॥25॥   |   mahabharat अध्याय 13.144: तपस्वी श्रीकृष्णके पास ऋषियोंका आना, उनका प्रभाव देखना और उनसे वार्तालाप करना   ।   mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  13.144.25 
एतन्मे संशयं सर्वे याथातथ्यमनिन्दिता:।
ऋषयो वक्तुमर्हन्ति निश्चितार्थं तपोधना:॥ २५॥
 
 
अनुवाद
हे तपस्वी मुनियों! आप सब लोग आपकी स्तुति करते हैं, अतः आप कृपा करके मेरे इस संदेह को निश्चित एवं सत्य रूप से मुझसे कहिए।॥25॥
 
O ascetic sages! You are all praised by everyone, so please tell me this doubt of mine in a definite and truthful manner.'॥ 25॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)