Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 12.98.d16: रुद्र बोला- बेटा! तुम ऐसा करने की हिम्मत क्यों करना चाहते हो? बताओ मुझे।   |   mahabharat अध्याय 12.98: इन्द्र और अम्बरीषके संवादमें नदी और यज्ञके रूपकोंका वर्णन तथा समरभूमिमें जूझते हुए मारे जानेवाले शूरवीरोंको उत्तम लोकोंकी प्राप्तिका कथन   ।   mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 98: इन्द्र और अम्बरीषके संवादमें नदी और यज्ञके रूपकोंका वर्णन तथा समरभूमिमें जूझते हुए मारे जानेवाले शूरवीरोंको उत्तम लोकोंकी प्राप्तिका कथन  »  श्लोक d16
 
 
श्लोक  12.98.d16 
रुद्र उवाच
किमिदं साहसं पुत्र कर्तुकामो वदस्व मे।
 
 
अनुवाद
रुद्र बोला- बेटा! तुम ऐसा करने की हिम्मत क्यों करना चाहते हो? बताओ मुझे।
 
Rudra said-Son! Why do you want to dare to do this? Tell me.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)