Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.82.41: अन्धकारमय दुर्ग को अग्नि के प्रकाश से और जल दुर्ग को नावों से पार किया जा सकता है; परन्तु राजा के दुर्ग को पार करने का कोई उपाय विद्वान् पुरुष भी नहीं जानते ॥41॥ | mahabharat अध्याय 12.82: मन्त्रियोंकी परीक्षाके विषयमें तथा राजा और राजकीय मनुष्योंसे सतर्क रहनेके विषयमें कालकवृक्षीय मुनिका उपाख्यान । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
अन्धकारमय दुर्ग को अग्नि के प्रकाश से और जल दुर्ग को नावों से पार किया जा सकता है; परन्तु राजा के दुर्ग को पार करने का कोई उपाय विद्वान् पुरुष भी नहीं जानते ॥41॥
A dark fort can be crossed by the light of a fire and a water fort can be crossed by boats; but even learned men do not know of any way to cross the fort of a king. ॥ 41॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥