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अर्थहेतोर्हि कामाद् वा वाचा बीभत्सयापि वा।
आत्मना प्राप्तमैश्वर्यमन्यत्र प्रतिपादितम्॥ १५॥
अनुवाद
जो धन तुमने स्वयं अर्जित किया था, उसे तुमने किसी प्रयोजन से, स्वेच्छा से अथवा कटुवचनों के भय से दूसरे को दे दिया ॥15॥
The wealth which you yourself had acquired, you gave it away to someone else either for some purpose or voluntarily or out of fear of harsh words. ॥ 15॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥