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mahabharat 12.77.33: इसलिए राजाओं को चाहिए कि वे उन ब्राह्मणों पर नियंत्रण रखें जो गलत काम कर रहे हैं, ताकि उन पर कृपा हो सके और उन्हें उनकी जरूरत की चीजें देते रहें।   |   mahabharat अध्याय 12.77: केकयराज तथा राक्षसका उपाख्यान और केकयराज्यकी श्रेष्ठताका विस्तृत वर्णन   ।   mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  12.77.33 
तस्माद् राज्ञा विशेषेण विकर्मस्था द्विजातय:।
नियम्या: संविभज्याश्च तदनुग्रहकारणात्॥ ३३॥
 
 
अनुवाद
इसलिए राजाओं को चाहिए कि वे उन ब्राह्मणों पर नियंत्रण रखें जो गलत काम कर रहे हैं, ताकि उन पर कृपा हो सके और उन्हें उनकी जरूरत की चीजें देते रहें।
 
Therefore, kings should control the brahmins who are doing wrong deeds just to show favour to them and keep giving them the things they need.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)