Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.77.10: मेरे राज्य में सभी ब्राह्मण उत्तम आहुतियों सहित नाना प्रकार के यज्ञ करते हैं। ब्रह्मचर्य व्रत का पालन किए बिना कोई भी वेदों का अध्ययन नहीं करता। फिर भी आपने मेरे शरीर में प्रवेश कैसे किया?॥10॥ | mahabharat अध्याय 12.77: केकयराज तथा राक्षसका उपाख्यान और केकयराज्यकी श्रेष्ठताका विस्तृत वर्णन । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मेरे राज्य में सभी ब्राह्मण उत्तम आहुतियों सहित नाना प्रकार के यज्ञ करते हैं। ब्रह्मचर्य व्रत का पालन किए बिना कोई भी वेदों का अध्ययन नहीं करता। फिर भी आपने मेरे शरीर में प्रवेश कैसे किया?॥10॥
In my kingdom all the Brahmins perform various types of sacrifices with excellent offerings. No one studies the Vedas without observing the vow of celibacy. Still how did you enter my body?॥10॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥